Category: Indore news

  • Indore Delhi Train: इंदौर दिल्ली ट्रेन के रूट में बदलाव से यात्रियों की बढ़ी परेशानी विशेषज्ञों ने जताई आपत्ति

    Indore Delhi Train:इंदौर से नई दिल्ली तक चलने वाली इंदौर दिल्ली त्रि साप्ताहिक एक्सप्रेस के रूट में बड़ा बदलाव किया गया है जिससे यात्रियों को अब गंतव्य तक पहुंचने के लिए दूसरे साधनों का सहारा लेना पड़ेगा। रेलवे के इस फैसले से इंदौर के यात्रियों में नाराजगी है और रेल विशेषज्ञों ने भी इस बदलाव पर आपत्ति जताई है।

    अब यह ट्रेन नई दिल्ली स्टेशन जाने के बजाय सफदरजंग होते हुए हिसार तक जाएगी। इंदौर के यात्रियों को नई दिल्ली स्टेशन तक अब अलग साधनों से जाना होगा। यह ट्रेन अब दिल्ली तक सीधी सेवा नहीं देगी जिससे रोजाना यात्रा करने वालों को परेशानी होगी।

    रेल विशेषज्ञों और सांसद ने जताई नाराजगी

    रेलवे सलाहकार समिति के पूर्व सदस्य नागेश नामजोशी ने कहा कि डेढ़ साल पहले भी इस ट्रेन के रूट में बदलाव की कोशिश हुई थी लेकिन तब विरोध के कारण फैसला टल गया था। उन्होंने बताया कि इस ट्रेन का समय इंदौर से दिल्ली जाने वालों के लिए सबसे बेहतर है और अधिकतर यात्री इसी ट्रेन को पसंद करते हैं।

    उनका कहना है कि यह ट्रेन सुबह जल्दी इंदौर पहुंच जाती है जिससे यात्रियों को सुविधा मिलती है। अब यह ट्रेन दिल्ली से हिसार तक लोकल ट्रेन की तरह चलेगी जिससे देरी की संभावना बढ़ जाएगी। इंदौर से हिसार की तुलना में इंदौर से दिल्ली जाने वाले यात्रियों की संख्या कहीं अधिक है।

    रेलवे सलाहकार समिति के पूर्व सदस्य जगमोहन वर्मा ने भी बदलाव का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि इस ट्रेन का समय दूसरी ट्रेनों से बेहतर है और बदलाव से यात्रियों को परेशानी होगी साथ ही ट्रेन के समय पर चलने में भी दिक्कत आएगी।

    नया रूट और बदला हुआ शेड्यूल

    रेलवे ने तय किया है कि अब यह ट्रेन रोहतक और महम होते हुए हिसार तक जाएगी। इस बदलाव से हिसार और रोहतक के लोगों को सीधी ट्रेन की सुविधा मिलेगी लेकिन दिल्ली जाने वाले यात्रियों को नुकसान होगा। अब यह ट्रेन नई दिल्ली स्टेशन के बजाय दिल्ली सफदरजंग स्टेशन पर रुकेगी।

    नए शेड्यूल के अनुसार ट्रेन संख्या 20957 हर बुधवार शुक्रवार और रविवार को शाम चार बजकर पैंतालीस मिनट पर इंदौर से रवाना होगी। अगले दिन सुबह चार बजकर बावन मिनट पर दिल्ली सफदरजंग पहुंचेगी और फिर शकूरबस्ती और रोहतक होते हुए सुबह नौ बजकर बीस मिनट पर हिसार पहुंचेगी।

    वापसी में ट्रेन संख्या 20958 हर सोमवार गुरुवार और शनिवार को दोपहर एक बजकर बीस मिनट पर हिसार से चलेगी। शाम छह बजकर पंद्रह मिनट पर दिल्ली सफदरजंग पहुंचेगी और अगले दिन सुबह छह बजकर पैंतालीस मिनट पर इंदौर लौटेगी।

  • सराफा में भीख मांगने वाला भिक्षुक निकला करोड़ों की संपत्ति का मालिक इंदौर में खुला बड़ा राज

    इंदौर में भिक्षावृत्ति उन्मूलन अभियान के तहत एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। सराफा क्षेत्र में वर्षों से भीख मांगने वाला मांगीलाल हकीकत में करोड़ों की संपत्ति का मालिक निकला है। शनिवार को महिला एवं बाल विकास विभाग की टीम ने उसका रेस्क्यू किया जिसके बाद यह पूरा सच सामने आया।

    लकड़ी की फिसलने वाली गाड़ी पीठ पर बैग और हाथ में जूते के सहारे सराफा की सड़कों पर घूमने वाला मांगीलाल लोगों की सहानुभूति से रोजाना सैकड़ों रुपये कमा रहा था। पूछताछ में उसने बताया कि रोज पांच सौ से एक हजार रुपये उसे भीख में मिल जाते थे। विभाग का मानना है कि उसकी वास्तविक कमाई इससे कहीं ज्यादा थी।

    ब्याज का खेल और संपत्ति का खुलासा

    रेस्क्यू के दौरान मांगीलाल ने स्वीकार किया कि वह सराफा क्षेत्र के कुछ व्यापारियों को ब्याज पर रुपये देता था। इन्हीं रुपयों का रोजाना ब्याज लेने वह सराफा आता था। वह एक दिन और एक सप्ताह के हिसाब से ब्याज पर रकम देता था और किसी पर दबाव नहीं बनाता था।

    जांच में सामने आया कि मांगीलाल के पास शहर के अलग अलग इलाकों में तीन पक्के मकान हैं। भगत सिंह नगर में तीन मंजिला मकान है। शिवनगर में दूसरा पक्का मकान है। अलवास में एक बीएचके मकान है जो उसे रेड क्रास की मदद से दिव्यांगता के आधार पर मिला था।

    ऑटो और कार का मालिक निकला भिक्षुक

    मांगीलाल के पास तीन ऑटो हैं जिन्हें वह किराए पर चलाता है। इसके अलावा उसके पास एक डिजायर कार भी है जिसके लिए ड्राइवर रखा गया है। वह अलवास में अपने माता पिता के साथ रहता है जबकि उसके दो भाई अलग रहते हैं।

    रेस्क्यू दल के नोडल अधिकारी दिनेश मिश्रा ने बताया कि सराफा से लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इसी आधार पर रेस्क्यू किया गया। जिला कार्यक्रम अधिकारी रजनीश सिन्हा ने कहा कि जिले में भिक्षावृत्ति करने वालों और इसे बढ़ावा देने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जाएगी।

  • इंदौर मेट्रो ने पकड़ी रफ्तार खजराना तक बने पिलर अंडरग्राउंड रूट पर बनी सहमति

    इंदौर में मेट्रो प्रोजेक्ट को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। अब खजराना चौराहे तक मेट्रो ट्रैक बिछाने का काम तेज हो गया है और यहां पिलर भी बन चुके हैं। लंबे समय से चल रहे रूट को लेकर असमंजस के बाद अब अंडरग्राउंड हिस्से पर भी सहमति बन गई है जिससे मेट्रो के काम को नई रफ्तार मिलने वाली है।

    रेडिसन चौराहे से आगे मेट्रो का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। खजराना चौराहे तक पिलर तैयार हो चुके हैं। पहले चरण में इसी हिस्से तक मेट्रो ट्रेन का संचालन किया जाएगा हालांकि इसके लिए अभी करीब डेढ़ साल का समय लगेगा क्योंकि ट्रैक पटरियां और स्टेशन का काम बाकी है।

    रेडिसन से खजराना तक तेज हुआ निर्माण

    रेडिसन चौराहे से एमआर नौ और खजराना चौराहे तक मेट्रो पिलरों का काम लगातार जारी है। यहां करीब डेढ़ साल पहले खुदाई कर निर्माण शुरू किया गया था। अब पिलरों पर बेस रखे जाएंगे और उसके बाद पटरियां बिछाने का काम शुरू होगा।

    खजराना चौराहे पर एक मेट्रो स्टेशन भी प्रस्तावित है। इस स्टेशन का निर्माण अभी शुरू होना है। अधिकारियों के अनुसार इस हिस्से के पूरा होने से शहर के एक बड़े क्षेत्र को मेट्रो की सुविधा मिलेगी।

    कमर्शियल रन की तैयारी अंतिम चरण में

    इंदौर में फिलहाल गांधी नगर से रेडिसन चौराहे तक सत्रह किलोमीटर हिस्से में मेट्रो का काम पूरा हो चुका है। इस रूट पर आने वाले पांच मेट्रो स्टेशनों का काम भी अंतिम चरण में है। यहां टिकट खिड़की और इंटीरियर का काम पूरा हो चुका है जबकि लिफ्ट और एस्केलेटर लगना बाकी है।

    जल्द ही गांधी नगर मेट्रो स्टेशन से टीसीएस चौराहे तक कमर्शियल रन शुरू किया जाएगा। इसके लिए कमिश्नर ऑफ रेलवे सेफ्टी की टीम इंदौर आएगी। सेफ्टी ऑडिट के बाद एनओसी जारी की जाएगी। इसके बाद मार्च तक रेडिसन चौराहे तक मेट्रो संचालन शुरू होने की उम्मीद है।

  • Indore Metro Big Update: इंदौर भोपाल मेट्रो में बड़ा बदलाव तुर्की कंपनी बाहर, अब दिल्ली मेट्रो संभालेगी फेयर कलेक्शन

    Indore Metro Big Update: इंदौर और भोपाल मेट्रो से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। तुर्की की कंपनी का ठेका निरस्त होने के बाद अब इंदौर भोपाल मेट्रो में ऑटोमैटिक फेयर कलेक्शन की जिम्मेदारी Delhi Metro Rail Corporation को सौंप दी गई है। यह फैसला हालिया परिस्थितियों को देखते हुए लिया गया है और इससे मेट्रो परियोजना में बड़ा बदलाव माना जा रहा है।

    पहले यह जिम्मेदारी तुर्की की कंपनी असीस गार्ड को दी गई थी। भारत पाकिस्तान के बीच तनाव और पाकिस्तान द्वारा तुर्की ड्रोन के इस्तेमाल के बाद इस ठेके को निरस्त कर दिया गया। फिलहाल मेट्रो में यात्रियों को टिकट स्थानीय स्तर पर मैनुअल और कंप्यूटर आधारित प्रणाली से जारी किए जा रहे थे।

    ग्यारह दिन बंद रहेगा यात्री संचालन

    एलिवेटेड कॉरिडोर पर बचे हुए तकनीकी कार्य और टेस्टिंग को पूरा करने के लिए मेगा ब्लॉक लिया गया है। इसके चलते पंद्रह जनवरी से पच्चीस जनवरी तक गांधी नगर से सुपर कॉरिडोर के बीच छह किलोमीटर के हिस्से में मेट्रो का यात्री संचालन पूरी तरह बंद रहेगा।

    इस समय इसी हिस्से में सीमित यात्री संचालन किया जा रहा था। अधिकारियों का कहना है कि यह काम पूरा होने के बाद संचालन को और बेहतर तरीके से शुरू किया जा सकेगा।

    सत्रह किलोमीटर कॉरिडोर पर तेज काम

    अधिकारियों के अनुसार पूरे सत्रह किलोमीटर के एलिवेटेड कॉरिडोर को फरवरी मार्च तक व्यावसायिक संचालन के लिए तैयार किया जाना है। गांधी नगर से रेडिसन चौराहा तक सोलह स्टेशनों पर सिग्नलिंग टेलीकम्युनिकेशन और अन्य तकनीकी कार्य पूरे किए जाएंगे।

    इसके बाद परीक्षण और कमिशनिंग की प्रक्रिया होगी। वहीं Madhya Pradesh Metro Rail Corporation अभी तक इंदौर के अंडरग्राउंड रूट को लेकर अंतिम निर्णय नहीं ले सकी है। मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार खजराना चौराहे से मेट्रो को अंडरग्राउंड किया जाना है लेकिन इसके लिए कई प्रक्रियाएं बाकी हैं।

    अंडरग्राउंड रूट पर फैसला लंबित रहने के बीच एलिवेटेड कॉरिडोर पर काम तेज किया जा रहा है। एयरपोर्ट और रीगल चौराहा जैसे इलाकों में स्टेशनों के लिए खुदाई का काम जारी है ताकि इंदौर को जल्द मेट्रो की सुविधा मिल सके।

  • Rahul Gandhi Indore: इंदौर जल संकट पर सियासत तेज, राहुल गांधी की बैठक रद्द, अब सीधे पीड़ित परिवारों से मिलेंगे

    Rahul Gandhi Indore: इंदौर में दूषित पानी से हुई मौतों के मामले के बीच कांग्रेस सांसद राहुल गांधी का प्रस्तावित दौरा चर्चा में आ गया है। सत्रह जनवरी को इंदौर में कांग्रेस नेताओं और शहरी प्रतिनिधियों के साथ होने वाली बैठक को जिला प्रशासन ने अनुमति नहीं दी है। इसके चलते यह बैठक रद्द कर दी गई है और सियासी माहौल गरमा गया है।

    इस बैठक में करीब एक हजार लोगों के शामिल होने की संभावना थी। अनुमति न मिलने के बाद विपक्ष ने नाराजगी जताई है और इसे राजनीतिक डर से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रशासन के फैसले के बाद अब राहुल गांधी का इंदौर दौरा सीमित कर दिया गया है।

    विपक्ष की नाराजगी और बदला हुआ दौरा

    कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भारतीय जनता पार्टी राहुल गांधी के इंदौर आने से असहज है। उनका मानना है कि राहुल गांधी दूषित पानी से प्रभावित परिवारों से मिलने वाले थे और इसी वजह से बैठक की अनुमति नहीं दी गई।

    अब राहुल गांधी इंदौर पहुंचकर पहले बॉम्बे हॉस्पिटल जाएंगे। यहां वे दूषित पानी से बीमार मरीजों और उनके परिजनों से मुलाकात करेंगे। इसके बाद वे भगीरथपुरा जाकर उन परिवारों से मिलेंगे जिन्होंने इस हादसे में अपने प्रियजनों को खोया है।

    प्रशासन अलर्ट मोड पर

    राहुल गांधी के सीमित दौरे को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अलर्ट जारी किया गया है और हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।

    दूषित पानी से हुई मौतों का मामला पहले से ही संवेदनशील बना हुआ है। ऐसे में इस दौरे को मानवीय सहानुभूति और राजनीतिक संदेश दोनों के रूप में देखा जा रहा है। शहर की नजर अब राहुल गांधी की पीड़ित परिवारों से होने वाली मुलाकात पर टिकी हुई है।

    Indore News Hindi: इंदौर आएंगे राहुल गांधी पीड़ित परिवारों से मिलकर देंगे संबल

  • Indore News Hindi: इंदौर आएंगे राहुल गांधी पीड़ित परिवारों से मिलकर देंगे संबल

    आज हम आपके लिए इंदौर से जुड़ी एक बेहद संवेदनशील और अहम खबर लेकर आए हैं जो सीधे आम लोगों के दर्द और उनकी आवाज से जुड़ी है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी सत्रह जनवरी को इंदौर के दौरे पर रहेंगे। उनका यह दौरा पूरी तरह मानवीय सरोकारों पर केंद्रित रहेगा जहां वे पीड़ित परिवारों से मिलकर उनका दुख समझने और उन्हें हौसला देने का प्रयास करेंगे।

    सुबह इंदौर आगमन और अस्पताल में मरीजों का हाल

    राहुल गांधी सुबह दिल्ली से विशेष विमान से रवाना होकर सुबह ग्यारह बजे इंदौर एयरपोर्ट पहुंचेंगे। एयरपोर्ट से वे सीधे बॉम्बे हॉस्पिटल जाएंगे। वहां वे अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से मुलाकात करेंगे। वे मरीजों की स्थिति जानेंगे और परिवारों को यह भरोसा दिलाएंगे कि वे इस कठिन समय में अकेले नहीं हैं। यह मुलाकात मानवीय संवेदना से भरी रहेगी।

    भागीरथपुरा में पीड़ित परिवारों से मुलाकात

    दोपहर के समय राहुल गांधी भागीरथपुरा बस्ती पहुंचेंगे। यहां दूषित पानी की वजह से जिन लोगों ने अपने प्रियजनों को खोया है उनसे वे सीधे संवाद करेंगे। राहुल गांधी करीब एक घंटे तक बस्ती में रुकेंगे। वे परिवारों का दुख सुनेंगे और उन्हें न्याय तथा सहयोग का भरोसा देंगे। यह मुलाकात केवल एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं बल्कि इंसानियत से जुड़ा कदम माना जा रहा है।

    गांधी प्रतिमा पर मौन उपवास और विरोध

    इंदौर प्रवास के दौरान राहुल गांधी गांधी प्रतिमा पर होने वाले विरोध कार्यक्रम में भी शामिल होंगे। मनरेगा योजना के नाम बदले जाने के विरोध में वे मौन उपवास करेंगे। यह मौन उपवास उनके विचारों और गांधीवादी मूल्यों को दर्शाने वाला होगा। वे शांत तरीके से अपनी बात रखेंगे और लोकतांत्रिक विरोध का संदेश देंगे।

    सुरक्षा व्यवस्था और बदला गया कार्यक्रम

    राहुल गांधी के आगमन से पहले इंदौर में सुरक्षा एजेंसियों की टीम पहुंच चुकी है। पूरे दौरे के दौरान कड़ी सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। प्रदेश भर के कांग्रेस पार्षदों और जनप्रतिनिधियों की बैठक भी प्रस्तावित थी लेकिन प्रशासन से अनुमति नहीं मिलने के कारण इसे टाल दिया गया। इससे पहले राहुल गांधी के कार्यालय की टीम ने इंदौर पहुंचकर बस्ती का जायजा भी लिया।

    दोपहर बाद दिल्ली वापसी

    भागीरथपुरा से राहुल गांधी सीधे एयरपोर्ट के लिए रवाना होंगे और शाम चार बजे दिल्ली पहुंचेंगे। उनका यह छोटा लेकिन भावनात्मक दौरा इंदौर के लिए खास माना जा रहा है क्योंकि इसमें राजनीति से ज्यादा इंसानियत की झलक देखने को मिलेगी।

  • Crime News Indore:इंदौर क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई एमडी ड्रग्स नेटवर्क से जुड़े तीन आरोपी गिरफ्तार

    Crime News Indore:इंदौर में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है जहां इंदौर क्राइम ब्रांच ने एमडी ड्रग्स की सप्लाई करने आए तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपी शहर में भारी मात्रा में ड्रग्स पहुंचाने की कोशिश कर रहे थे। कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में हलचल मच गई है।

    गिरफ्तार आरोपियों में कमलेश गैरी निवासी राजस्थान और निखिल निदानिया व मुकेश धन्नागर निवासी मंदसौर शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि ये तीनों आरोपी इंदौर में नशे की खेप देने आए थे।

    गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई

    क्राइम ब्रांच को सूचना मिली थी कि तीन लोग स्प्लेंडर बाइक से प्रतापगढ़ से इंदौर आ रहे हैं और उनके पास अवैध एमडी ड्रग्स है। सूचना मिलते ही टीम सक्रिय हुई और घेराबंदी कर आरोपियों को पकड़ लिया गया।

    तलाशी के दौरान आरोपियों के पास से पांच सौ तेरह ग्राम एमडी ड्रग्स बरामद हुई। पुलिस के अनुसार इसकी बाजार कीमत करीब एक करोड़ रुपये आंकी गई है। बरामदगी के बाद आरोपियों को तुरंत हिरासत में ले लिया गया।

    अन्य राज्यों से जुड़े तार आए सामने

    पुलिस जांच में आरोपियों के मोबाइल फोन से कई अहम जानकारियां मिली हैं। इनसे पता चला है कि इनका संपर्क दूसरे राज्यों के ड्रग्स तस्करों से भी था। क्राइम ब्रांच इन सभी कड़ियों को खंगाल रही है।

    तीनों आरोपियों को रिमांड पर लिया गया है ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के बाद इस गिरोह से जुड़े और नाम सामने आ सकते हैं।

  • MP : आदिवासी स्वाभिमान की हुंकार ,चेनपुरा में उमड़ा एकता का महासैलाब और गूंजी अलग धार्मिक कोड की मांग

    मध्य प्रदेश के बुरहानपुर जिले के नेपानगर क्षेत्र के चेनपुरा गांव में आदिवासी समाज की एकता और पहचान की मजबूत तस्वीर देखने को मिली। तैंतीसवां आदिवासी सांस्कृतिक एकता महासम्मेलन पूरे उत्साह और गर्व के साथ आयोजित किया गया। इस ऐतिहासिक आयोजन में देश के अलग अलग राज्यों से हजारों की संख्या में लोग पहुंचे। हर चेहरे पर अपनी संस्कृति पर गर्व और एकजुट रहने का संदेश साफ दिखाई दे रहा था।

    आदिवासियों के लिए अलग धार्मिक कोड की मांग

    सम्मेलन के दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आदिवासी समाज के लिए अलग धार्मिक कोड की जोरदार मांग रखी। उन्होंने कहा कि आदिवासियों की परंपराएं संस्कृति और सामाजिक व्यवस्था बाकी समाज से अलग हैं। इसी कारण उनकी पहचान भी अलग और स्पष्ट होनी चाहिए। उनके शब्दों में आदिवासी समाज की आत्मा उसकी संस्कृति में बसती है और इसे संवैधानिक पहचान मिलना जरूरी है।

    एकता के संदेश के साथ गूंजा आदिवासी स्वाभिमान

    इस महासम्मेलन में झाबुआ विधायक विक्रांत भूरिया ने आदिवासी समाज को बांटने की कोशिशों के खिलाफ कड़ा संदेश दिया। उन्होंने साफ कहा कि आदिवासी समाज हमेशा एक रहा है और आगे भी एक ही रहेगा। उन्होंने धर्म या उप जाति के नाम पर विभाजन को खतरनाक बताया और समाज को सतर्क रहने की अपील की। मंच से एक तीर एक कमान आदिवासी एक समान का नारा गूंजा जिसने पूरे माहौल को एकता के रंग में रंग दिया।

    तीन दिन चला आदिवासी संस्कृति का उत्सव

    यह विशाल सम्मेलन तेरह जनवरी से पंद्रह जनवरी तक चला। इन तीन दिनों में आदिवासी परंपराएं संस्कृति और सामाजिक चेतना खुलकर सामने आई। चेनपुरा गांव आदिवासी एकता और स्वाभिमान का प्रतीक बन गया। इस आयोजन ने यह साफ कर दिया कि आदिवासी समाज अपनी पहचान और अधिकारों को लेकर पूरी तरह जागरूक और संगठित है।

  • Devguradia Green Project:देवगुराड़िया की पहाड़ियों में बनेगा नया मिनी फॉरेस्ट इंदौर को मिलेगी हरियाली की बड़ी सौगात

    Devguradia Green Project: इंदौर के देवगुराड़िया क्षेत्र में शहरवासियों के लिए एक अच्छी खबर सामने आई है। यहां वन विभाग द्वारा नया मिनी फॉरेस्ट विकसित किया जाएगा। यह जंगल पहाड़ियों के बीच तैयार होगा और आने वाले वर्षों में इंदौर की हरियाली को नई पहचान देगा। इस योजना की प्रक्रिया नए साल की शुरुआत के साथ शुरू कर दी गई है।

    यह मिनी फॉरेस्ट चरणबद्ध तरीके से विकसित किया जाएगा। पहले चरण में चयनित भूमि पर पौधरोपण किया जाएगा। इसके बाद दूसरे चरण में जंगल का विस्तार किया जाएगा। इससे धीरे धीरे यह क्षेत्र घने जंगल का रूप ले सकेगा।

    दो सेक्टर में होगा पौधरोपण का काम

    वन विभाग की योजना के अनुसार देवगुराड़िया क्षेत्र में बीस बीस हेक्टेयर के दो सेक्टर तैयार किए जाएंगे। पहले चरण में बीस हेक्टेयर भूमि पर अलग अलग प्रजातियों के पौधे लगाए जाएंगे। इसका उद्देश्य लंबे समय में स्थायी हरियाली तैयार करना है।

    वन मंडल इंदौर के अनुसार यह भूमि राजस्व विभाग की है जो वर्तमान में पुलिस प्रशासन के अधीन है। इस क्षेत्र में करीब तिरासी हेक्टेयर जमीन फायरिंग रेंज के लिए सुरक्षित है। पुलिस और जिला प्रशासन के सहयोग से वन विभाग को इस परियोजना के लिए भूमि उपलब्ध कराई जाएगी।

    पर्यावरण और शहर को मिलेगा बड़ा लाभ

    नया मिनी फॉरेस्ट विकसित होने से इंदौर की हरियाली में बड़ा इजाफा होगा। इससे पर्यावरण संतुलन बेहतर होगा और जैव विविधता को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही शहरवासियों को शुद्ध हवा और प्राकृतिक वातावरण का लाभ मिलेगा।

    आने वाले समय में देवगुराड़िया का यह क्षेत्र इंदौर के लिए एक नई प्राकृतिक विरासत के रूप में उभरेगा। पहाड़ियों के बीच तैयार होने वाला यह जंगल शहर के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगा।

  • Indore High Court: चीनी मांझे पर बैन फिर भी नहीं थमा खतरा इंदौर हाईकोर्ट का सख्त अल्टीमेटम

    Indore High Court: इंदौर में चीनी मांझे पर प्रतिबंध के बावजूद हो रही मौतों और हादसों को लेकर हाईकोर्ट ने सख्त नाराजगी जताई है। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर बेंच ने साफ कहा है कि प्रतिबंध के बाद भी जानलेवा घटनाएं होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। इसी को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस को तुरंत कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

    शहर में चीनी मांझा आज भी लोगों के लिए खतरा बना हुआ है। सड़क पर चलने वाले राहगीर बाइक सवार और छतों पर खेलने वाले बच्चे इसकी चपेट में आ रहे हैं। हालात को देखते हुए अदालत ने चेताया है कि अब किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

    हाईकोर्ट का आदेश और प्रशासन को चेतावनी

    मध्य प्रदेश हाईकोर्ट इंदौर बेंच की डबल बेंच ने जिला प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि चीनी मांझे की बिक्री भंडारण और उपयोग पर तुरंत सख्त कदम उठाए जाएं। कोर्ट ने कहा है कि प्रतिबंध के बावजूद मौतों की खबरें बेहद गंभीर हैं।

    अदालत ने यह भी स्पष्ट किया है कि अगर कोई नाबालिग चीनी मांझा इस्तेमाल करता पाया गया तो उसके माता पिता को जिम्मेदार माना जाएगा। ऐसे मामलों में बीएएस 2023 की धारा 1061 के तहत केस दर्ज किया जाएगा ताकि अभिभावक अपनी जिम्मेदारी समझें।

    चीनी मांझे से हो रहे हादसे और पुलिस की कार्रवाई

    इंदौर में बीते दो महीनों में चीनी मांझे से दो लोगों की मौत हो चुकी है और तेरह लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। कई मामलों में गले कटने जैसी घटनाएं सामने आई हैं जिससे दहशत का माहौल है।

    पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है और पिछले एक महीने में पचास से अधिक केस दर्ज किए जा चुके हैं। बताया गया है कि चीनी मांझा नायलॉन कांच पाउडर और धातु पाउडर से बनता है जो इसे बेहद तेज और मजबूत बनाता है। यह इंसानों के साथ साथ पक्षियों और जानवरों के लिए भी जानलेवा साबित हो रहा है। हाईकोर्ट ने दो टूक कहा है कि अब और सख्ती जरूरी है।