मोहन यादव सरकार का बड़ा फैसला: सिंहस्थ से पहले इंदौर-उज्जैन को जोड़ेगी 625 करोड़ की 6 लेन सड़क, सिलावट ने किया निरीक्षण

इंदौर-उज्जैन : अगर आप इंदौर या उज्जैन से हैं या कभी इस पावन क्षेत्र की यात्रा की है, तो एक बड़ी और बेहद राहत देने वाली खबर आपके लिए है। मध्यप्रदेश सरकार ने सिंहस्थ महापर्व 2028 को ध्यान में रखते हुए एक ऐसा कदम उठाया है, जो आने वाले समय में लाखों श्रद्धालुओं की राह आसान बना देगा। इंदौर से उज्जैन तक अब एक आधुनिक 6 लेन सड़क बन रही है, जिसकी कुल लंबाई 47 किलोमीटर होगी।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में यह ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है और इस परियोजना के लिए 625 करोड़ रुपये की भारी भरकम राशि स्वीकृत की गई है। यह केवल सड़क निर्माण नहीं है, बल्कि यह श्रद्धालुओं की सुविधा, गति और सुरक्षा के लिए एक मजबूत नींव का कार्य करेगा।

इस निर्माणाधीन सड़क का हाल ही में निरीक्षण किया जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने। उन्होंने स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ धरमपुरी सांवेर से लेकर उज्जैन के पंथपिपलई तक सड़क की स्थिति का अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान मंत्री श्री सिलावट ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सड़क निर्माण के दौरान आम नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। विशेष ध्यान देने को कहा गया कि यातायात जाम जैसी समस्या न हो और निर्माण कार्य पूरी रफ्तार से चले।

उन्होंने संबंधित निर्माण एजेंसी ‘रवि इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड’ को निर्देशित किया कि सड़क निर्माण को दिसंबर 2026 तक हर हाल में पूर्ण किया जाए, ताकि सिंहस्थ 2028 से पहले श्रद्धालुओं को इसका लाभ मिल सके। श्री सिलावट ने बताया कि सिंहस्थ में लगभग 25 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं के आने की संभावना है और यह सड़क उनके लिए एक वरदान साबित होगी।

इस प्रोजेक्ट से न केवल इंदौर और उज्जैन को लाभ मिलेगा, बल्कि देवास, रतलाम, खंडवा, धार जैसे जिलों के साथ-साथ गुजरात जैसे पड़ोसी राज्यों के नागरिकों को भी बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी। आने वाले समय में यह सड़क एक ऐतिहासिक पहचान बनाएगी, जो मध्यप्रदेश की प्रगति और धार्मिक समर्पण दोनों का प्रतीक होगी।

इस अवसर पर नगर परिषद अध्यक्ष श्री संदीप चंगेडिया, पूर्व अध्यक्ष श्री दिलीप चौधरी, सरपंच श्री सुरेश सिंह, श्री सुभाष जैन, श्री शक्तिसिंह गांधी, महाप्रबंधक श्री गगन, सहायक महाप्रबंधक श्री प्रतीक शर्मा, सांवेर थाना प्रभारी श्री जीएस माहोबिया और निर्माण कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर सहित कई इंजीनियर उपस्थित थे।

Disclaimer:
यह लेख पूरी तरह जानकारी पर आधारित है और इसका उद्देश्य पाठकों को विकास कार्यों की जानकारी देना है। इसमें दी गई जानकारी आधिकारिक स्रोतों और स्थल निरीक्षण की जानकारी पर आधारित है।

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