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  • बड़वानी में 14 मार्च को नेशनल लोक अदालत, बिजली और टैक्स मामलों में बड़ी राहत

    बड़वानी जिले में 14 मार्च को आयोजित होने वाली नेशनल लोक अदालत को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। नेशनल लोक अदालत के माध्यम से राजीनामा योग्य प्रकरणों का निराकरण किया जाएगा। जिला न्यायालय सहित सभी तहसील न्यायालयों में होने वाली इस नेशनल लोक अदालत में हजारों मामलों के निपटारे की संभावना है।

    बुधवार को विशेष न्यायाधीश एवं नोडल अधिकारी नेशनल लोक अदालत बड़वानी श्री मो. रईस खान की अध्यक्षता में प्रेस वार्ता आयोजित की गई। इस दौरान सचिव एवं न्यायाधीश जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्री अमूल मंडलोई तथा जिला विधिक सहायता अधिकारी श्री राबिन दयाल भी उपस्थित रहे।

    नेशनल लोक अदालत में रखे जाएंगे हजारों प्रकरण

    विशेष न्यायाधीश श्री मो. रईस खान ने बताया कि नेशनल लोक अदालत में कुल 826 लिटिगेशन प्रकरण और 4321 प्री-लिटिगेशन प्रकरण रखे जाएंगे। इन मामलों का आपसी सहमति से निराकरण कराने का प्रयास किया जाएगा।

    नेशनल लोक अदालत के सफल आयोजन के लिए जिले में कुल 18 खंडपीठों का गठन किया गया है। इन खंडपीठों के माध्यम से विभिन्न प्रकार के मामलों का त्वरित समाधान किया जाएगा।

    बिजली प्रकरणों में मिलेगी विशेष छूट

    नेशनल लोक अदालत के दौरान विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 135 के अंतर्गत लंबित प्रकरणों में उपभोक्ताओं को विशेष राहत दी जाएगी। निम्नदाब श्रेणी के घरेलू, कृषि, पांच किलोवाट तक के गैर-घरेलू तथा 10 अश्वशक्ति तक के औद्योगिक उपभोक्ताओं को लाभ मिलेगा।

    प्री-लिटिगेशन स्तर पर कंपनी द्वारा आकलित सिविल दायित्व की राशि पर 30 प्रतिशत तक की छूट प्रदान की जाएगी। इसके साथ ही ब्याज राशि पर 100 प्रतिशत तक की छूट भी दी जाएगी।

    वहीं लिटिगेशन स्तर के मामलों में आकलित सिविल दायित्व पर 20 प्रतिशत तक की छूट मिलेगी और ब्याज की राशि पर पूरी तरह छूट प्रदान की जाएगी।

    संपत्तिकर और जलकर में भी मिलेगी राहत

    नेशनल लोक अदालत में नगर पालिका से संबंधित संपत्तिकर और जलकर के मामलों में भी छूट का प्रावधान रखा गया है।

    संपत्तिकर के ऐसे मामलों में जहां कर और अधिभार की राशि 50 हजार रुपये तक बकाया है, वहां अधिभार में 100 प्रतिशत छूट मिलेगी। वहीं 50 हजार से एक लाख रुपये तक के मामलों में 50 प्रतिशत और एक लाख रुपये से अधिक के मामलों में 25 प्रतिशत तक की छूट दी जाएगी।

    जलकर से जुड़े मामलों में भी राहत दी जाएगी। दस हजार रुपये तक की बकाया राशि वाले मामलों में अधिभार पर 100 प्रतिशत छूट दी जाएगी। इसके अलावा दस हजार से 50 हजार रुपये तक के मामलों में 75 प्रतिशत और 50 हजार से अधिक के मामलों में 50 प्रतिशत तक की छूट प्रदान की जाएगी।

    दो किश्तों में जमा कर सकेंगे राशि

    नेशनल लोक अदालत के दौरान दी जाने वाली छूट का लाभ केवल एक बार ही लिया जा सकेगा। छूट के बाद बची हुई राशि अधिकतम दो किश्तों में जमा कराई जा सकेगी।

    इसमें से कम से कम 50 प्रतिशत राशि लोक अदालत के दिन जमा करना अनिवार्य होगा, जबकि शेष राशि अधिकतम एक माह के भीतर जमा करनी होगी।

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    एमपी में पेट्रोल डीजल गैस को लेकर बड़ा फैसला मोहन यादव सरकार ने बनाई उच्च स्तरीय समिति जनता के लिए आया बड़ा अपडेट

    ग्रीष्मकालीन जल प्रबंधन को सर्वोच्च प्राथमिकता, कलेक्टर जयति सिंह ने दिए मिशन मोड में काम करने के निर्देश

  • एमपी में पेट्रोल डीजल गैस को लेकर बड़ा फैसला मोहन यादव सरकार ने बनाई उच्च स्तरीय समिति जनता के लिए आया बड़ा अपडेट

    mp petrol diesel news|आज हम आपको मध्यप्रदेश से जुड़ी एक अहम खबर बताने जा रहे हैं जो सीधे आम लोगों की जरूरतों से जुड़ी हुई है। राज्य में पेट्रोल डीजल और रसोई गैस की उपलब्धता को लेकर सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने स्थिति की समीक्षा करते हुए सभी मंत्रियों को अपने प्रभार वाले जिलों में हालात पर नजर रखने के निर्देश दिए हैं ताकि कहीं भी घबराहट का माहौल न बने और लोगों को जरूरी चीजों की सप्लाई लगातार मिलती रहे।

    मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिए सख्त निर्देश

    मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कैबिनेट बैठक के दौरान साफ निर्देश दिए कि राज्य के हर जिले में पेट्रोल डीजल और रसोई गैस की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जाए। उन्होंने सभी मंत्रियों से कहा कि वे अपने प्रभार वाले जिलों में जाकर हालात की समीक्षा करें और यह सुनिश्चित करें कि किसी भी जगह पर घबराहट या अफवाह का माहौल पैदा न हो।

    मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि पेट्रोल डीजल और गैस जैसी जरूरी चीजें आम लोगों की दैनिक जरूरत का हिस्सा हैं इसलिए इनकी आपूर्ति में किसी भी तरह की रुकावट नहीं आनी चाहिए। राज्य सरकार इस पूरी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर तुरंत कदम उठाए जाएंगे।

    पेट्रोल डीजल और गैस की सप्लाई पर बनी रहेगी नजर

    राज्य सरकार ने पेट्रोल डीजल और रसोई गैस की सप्लाई को लेकर केंद्र सरकार और आयल कंपनियों के साथ समन्वय बनाए रखने का भी फैसला किया है। इसके लिए एक विशेष समिति बनाई गई है जो लगातार हालात की निगरानी करेगी और जरूरत पड़ने पर तुरंत फैसले लेगी।

    सरकार का मुख्य उद्देश्य यह है कि प्रदेश के किसी भी शहर या गांव में पेट्रोल डीजल या गैस की कमी महसूस न हो और आम लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

    तीन मंत्रियों की उच्च स्तरीय समिति बनाई गई

    कैबिनेट बैठक के बाद सरकार ने पेट्रोल डीजल और गैस की उपलब्धता की निगरानी के लिए एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया है। इस समिति में उप मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा खाद्य नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत और सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चेतन्य काश्यप को शामिल किया गया है।

    यह समिति प्रदेश में ईंधन और गैस की सप्लाई पर नजर रखेगी और जरूरत पड़ने पर संबंधित विभागों और केंद्र सरकार से समन्वय कर समाधान निकालेगी। सरकार का मानना है कि इस समिति के गठन से व्यवस्था और मजबूत होगी और लोगों तक जरूरी चीजें आसानी से पहुंचती रहेंगी।

    रसोई गैस और कमर्शियल गैस को लेकर क्या है स्थिति

    कैबिनेट बैठक के बाद खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग की अपर मुख्य सचिव रश्मि अरुण शमी ने जानकारी दी कि फिलहाल प्रदेश में पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता सामान्य बनी हुई है और इसकी सप्लाई लगातार जारी है। रसोई गैस सिलेंडर की आपूर्ति में भी किसी तरह की समस्या सामने नहीं आई है।

    उन्होंने बताया कि कमर्शियल गैस के मामले में रिटेलर के पास करीब दो दिन का स्टॉक मौजूद है जबकि तेल कंपनियों के पास सात दिन का स्टॉक उपलब्ध है। यानी फिलहाल प्रदेश में गैस की सप्लाई को लेकर किसी तरह की चिंता की स्थिति नहीं है।

    कलेक्टर और कमिश्नर को दिए गए खास निर्देश

    राज्य सरकार ने सभी कलेक्टर और कमिश्नर को भी निर्देश दिए हैं कि वे अपने क्षेत्रों में कमर्शियल गैस के उपयोग को लेकर उपभोक्ताओं से संवाद करें। सरकार चाहती है कि गैस का उपयोग विवेकपूर्ण तरीके से हो ताकि सभी लोगों को समय पर गैस उपलब्ध हो सके।

    इस पहल का मकसद यह भी है कि बाजार में किसी तरह की अफवाह या अनावश्यक खरीदारी की स्थिति पैदा न हो और सप्लाई सिस्टम पूरी तरह संतुलित बना रहे।

    प्रदेश में घबराने की जरूरत नहीं

    सरकार की तरफ से साफ किया गया है कि प्रदेश में पेट्रोल डीजल और रसोई गैस की उपलब्धता सामान्य है और किसी भी तरह की घबराहट की जरूरत नहीं है। राज्य सरकार लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर तुरंत कदम उठाने के लिए तैयार है।

    मुख्यमंत्री मोहन यादव के निर्देश के बाद अब मंत्री और प्रशासनिक अधिकारी अपने अपने क्षेत्रों में हालात की समीक्षा कर रहे हैं ताकि लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

    मध्यप्रदेश सरकार ने पेट्रोल डीजल और रसोई गैस की उपलब्धता को लेकर सतर्कता दिखाते हुए उच्च स्तरीय समिति का गठन किया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के निर्देश के बाद अब पूरे प्रदेश में स्थिति पर नजर रखी जा रही है ताकि आम लोगों को किसी भी तरह की परेशानी न हो और जरूरी सेवाएं बिना रुकावट के जारी रहें।

  • ग्रीष्मकालीन जल प्रबंधन को सर्वोच्च प्राथमिकता, कलेक्टर जयति सिंह ने दिए मिशन मोड में काम करने के निर्देश

    Barwani Collector Meeting: बड़वानी, 09 मार्च 2026। आगामी ग्रीष्मकाल को ध्यान में रखते हुए जिले में पेयजल व्यवस्था सुचारू बनाए रखने और गिरते भू-जल स्तर में सुधार के लिए कलेक्टर श्रीमती जयति सिंह ने अधिकारियों को मिशन मोड में कार्य करने के निर्देश दिए। सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागृह में आयोजित समय-सीमा बैठक में उन्होंने ग्रीष्मकालीन जल प्रबंधन को सर्वोच्च प्राथमिकता पर रखने के लिए कहा।

    बैठक में कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जिले के सभी जल स्रोतों की हीट मैप आधारित मैपिंग की जाए, ताकि अधिक प्रभावित क्षेत्रों की पहचान कर वहां पहले से वैकल्पिक व्यवस्था की जा सके। उन्होंने स्टॉप डैम और चेक डैम पर गेट लगाने का कार्य शीघ्र पूर्ण करने तथा कैचमेंट एरिया के अनुसार मेड़ बंधान कार्य करने के निर्देश दिए, जिससे वर्षा जल का बेहतर संचयन हो सके।

    कलेक्टर ने जिले के सभी हैंडपंपों की मरम्मत और कलरिंग कराने के साथ वैज्ञानिक पद्धति से वेल डिजाइन पोखर निर्माण कराने के निर्देश भी दिए। इसके साथ ही प्राचीन जल स्रोतों जैसे बावड़ियों की सफाई और गाद निकासी का कार्य बारिश से पहले पूरा करने को कहा।

    उन्होंने बताया कि प्रदेश में 19 मार्च से जल गंगा संवर्धन अभियान 2026 प्रारंभ किया जाएगा, जिसके अंतर्गत जल स्रोतों के संरक्षण और भू-जल स्तर सुधार के लिए जनभागीदारी के साथ कार्य किए जाएंगे। कलेक्टर ने नगरीय और ग्रामीण क्षेत्रों में सार्वजनिक स्थलों पर स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए प्याऊ जैसी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए।

    बैठक में सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने 50 दिन से अधिक लंबित शिकायतों और एल3 तथा एल4 स्तर पर लंबित मामलों का तत्काल निराकरण करने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि नॉन अटेंडेंट शिकायतों के मामलों में संबंधित अधिकारी के वेतन से राशि काटकर रेड क्रॉस सोसायटी में जमा कराई जाएगी।

    इसके अलावा बोर्ड परीक्षाओं के मूल्यांकन कार्य का निरीक्षण एसडीएम द्वारा किए जाने, आगामी सत्र के लिए गणवेश, साइकिल और पाठ्य पुस्तकों का समय पर वितरण सुनिश्चित करने तथा शिक्षकों के प्रशिक्षण आयोजित करने के निर्देश भी दिए गए। टीबी मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत फैकल्टीवार स्कैनिंग और जनगणना 2027 के कार्यों को समय सीमा में पूर्ण करने के लिए कहा गया।

    बैठक में फार्मर रजिस्ट्री के कार्य को मिशन मोड में पूरा करने और इसकी दैनिक निगरानी करने के निर्देश भी दिए गए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ सुश्री काजल जावला, अपर कलेक्टर सोहन कनास, संयुक्त कलेक्टर राजारवि वर्मा, एसडीएम बड़वानी भूपेन्द्र रावत सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे, जबकि अनुविभागीय और विकासखंड स्तर के अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े।

  • जनगणना 2027 की तैयारी तेज, कलेक्टर नीतू माथुर की अध्यक्षता में जिला जनगणना समन्वय समिति की बैठक

    Alirajpur District News: अलीराजपुर, 09 मार्च 2026। जनगणना 2027 के प्रथम चरण के सफल संचालन को लेकर सोमवार को कलेक्टर सभाकक्ष में जिला जनगणना समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर एवं प्रमुख जनगणना अधिकारी श्रीमती नीतू माथुर ने की।

    बैठक में जनगणना कार्य निदेशालय भोपाल से आए जिला जनगणना प्रभारी सिद्धार्थ गोयल ने जनगणना 2027 की तैयारियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जनगणना 2027 के प्रथम चरण के अंतर्गत मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का कार्य मध्यप्रदेश में 01 मई से 30 मई 2026 तक 30 दिनों की अवधि में किया जाएगा।

    उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि नगरीय और तहसील स्तर पर चार्ज के अनुसार फील्ड ट्रेनर्स की नियुक्ति की जाए। साथ ही प्रत्येक चार्ज स्तर पर प्रगणक और पर्यवेक्षकों की नियुक्ति सुनिश्चित की जाए। मकान सूचीकरण के लिए चार्ज स्तर पर जनगणना भवन संख्या अस्थायी रूप से अंकित करने के निर्देश भी दिए गए।

    बैठक में संयुक्त कलेक्टर एवं जिला जनगणना अधिकारी मनोज गरवाल, जिला सांख्यिकी अधिकारी एवं अतिरिक्त जिला जनगणना अधिकारी श्रीमती तारिणी जौहरी, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं अनुविभागीय जनगणना अधिकारी, तहसीलदार एवं चार्ज जनगणना अधिकारी तथा मुख्य नगरपालिका अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

  • बड़वानी में मनाया गया लाइनमेन दिवस, उत्कृष्ट कार्य करने वाले 34 कर्मचारियों को किया गया सम्मानित

    Barwani news: बड़वानी जिले के वृत्त मुख्यालय बड़वानी में शनिवार को लाइनमेन दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर विद्युत विभाग के उत्कृष्ट कार्य करने वाले लाइन कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में लगभग 200 अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे, जिनमें बड़ी संख्या में लाइन और तकनीकी कर्मचारी शामिल थे।

    कार्यक्रम की अध्यक्षता अधीक्षण यंत्री अरविंद सिंह ने की। इस दौरान सेवानिवृत्त अधीक्षण यंत्री जे आर कनखरे सहित महीप सोनी, सखाराम खरते, कैलाश चोपड़ा, विद्या भूषण शुक्ला तथा विभाग के अन्य मैदानी अधिकारी और कर्मचारी भी मौजूद रहे।

    कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने विद्युत कार्यों के दौरान सुरक्षा नियमों के पालन की आवश्यकता पर जोर दिया। अधिकारियों ने कहा कि विद्युत दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए मैदानी कर्मचारियों को सुरक्षा मानकों का पालन करना अत्यंत आवश्यक है। कर्मचारियों को सुरक्षा उपायों से अवगत कराने के लिए वीडियो के माध्यम से भी उपयोगी जानकारी दी गई।

    इस अवसर पर वृत्त की विभिन्न इकाइयों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 34 चयनित लाइन कर्मचारियों को स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य कर्मचारियों को प्रोत्साहित करना और सुरक्षित कार्य संस्कृति को बढ़ावा देना बताया गया।

    आयोजन के दौरान कर्मचारियों के लिए रस्सा-कस्सी और चेयर रेस जैसी प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गईं, जिससे कार्यक्रम में उत्साह का माहौल रहा। कार्यक्रम में उपस्थित सभी कर्मचारियों को सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने की शपथ भी दिलाई गई।

    इसके साथ ही स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से कार्यक्रम में मौजूद लाइन और फील्ड स्टाफ का स्वास्थ्य परीक्षण भी किया गया। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती रीता बडोले और श्री राहुल महाजन द्वारा किया गया।

    Barwani news: बड़वानी में पेयजल समस्या के समाधान के लिए कंट्रोल रूम गठित, शिकायत के लिए जारी किए गए संपर्क नंबर

  • Alirajpur agriculture news: अलीराजपुर में 11 से 12 मार्च तक लगेगा बड़ा कृषि विज्ञान मेला, किसानों को मिलेंगी आधुनिक खेती की जानकारी

    Alirajpur agriculture news: अलीराजपुर कृषक कल्याण वर्ष 2026 के उपलक्ष्य में जिले में किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों और नवीन योजनाओं की जानकारी देने के उद्देश्य से दो दिवसीय जिला स्तरीय कृषि विज्ञान मेले का आयोजन किया जा रहा है। यह मेला 11 और 12 मार्च को कृषि उपज मंडी समिति आलीराजपुर परिसर में आयोजित होगा।

    जिला प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार इस कृषि मेले में विभिन्न विभागों द्वारा प्रदर्शनी लगाई जाएगी, जिसमें किसानों को खेती से जुड़ी नई तकनीकों और सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। मेले में कृषि विज्ञान केंद्र आलीराजपुर, किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग, पशुपालन विभाग, जिला अग्रणी बैंक, जिला आयुष विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, उद्यानिकी विभाग, सहकारिता विभाग तथा जिला परियोजना प्रबंधक आजीविका मिशन सहित अन्य कृषि से जुड़े विभाग भाग लेंगे।

    मेले के दौरान विभागों द्वारा किसानों के लिए विभिन्न योजनाओं पर आधारित स्टॉल लगाए जाएंगे, जहां उन्हें खेती से संबंधित नई जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, उन्नत किस्म के बीज, फसल विविधीकरण, मिलेट्स एवं तिलहन उत्पादन, कृषि यंत्रीकरण तथा प्राकृतिक और जैविक खेती के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाएगी।

    जिला प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे इस कृषि विज्ञान मेले में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेकर कृषि से जुड़ी नवीन तकनीकों और सरकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त करें, जिससे कृषि उत्पादन और आय में वृद्धि हो सके।

    गर्मी से पहले एक्शन में कलेक्टर नीतू माथुर, पेयजल व्यवस्था और जल योजनाओं की की बड़ी समीक्षा

  • Barwani news: बड़वानी में पेयजल समस्या के समाधान के लिए कंट्रोल रूम गठित, शिकायत के लिए जारी किए गए संपर्क नंबर

    Barwani news | बड़वानी, ग्रीष्मकाल में संभावित पेयजल संकट को ध्यान में रखते हुए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने जिले में पेयजल समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए कंट्रोल रूम का गठन किया है। यह कंट्रोल रूम प्रतिदिन प्रातः 9 बजे से रात्रि 8 बजे तक कार्य करेगा, जहां नागरिक अपनी पेयजल संबंधी शिकायत दर्ज करा सकेंगे।

    पीएचई विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला मुख्यालय बड़वानी में स्थापित कंट्रोल रूम की प्रभारी श्रीमती चसली बर्डे जिला सलाहकार रहेंगी। कंट्रोल रूम में दो शिफ्टों में कर्मचारियों की ड्यूटी निर्धारित की गई है। पहली शिफ्ट में श्री रोहन अवासे प्रातः 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक मोबाइल नंबर 9589016662 पर उपलब्ध रहेंगे। वहीं दूसरी शिफ्ट में श्री धर्मेन्द्रसिंह चौहान दोपहर 2 बजे से रात्रि 8 बजे तक मोबाइल नंबर 9753304678 पर शिकायतें प्राप्त करेंगे। (Barwani news)

    विभाग ने जिला स्तर के साथ साथ जनपद स्तर पर भी कंट्रोल रूम स्थापित किए हैं ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल से जुड़ी समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा सके। विकासखंड बड़वानी में श्री नवलसिंह ब्राह्मणे उपयंत्री मोबाइल नंबर 9977188432 तथा श्री अनिल चौधरी विकासखंड समन्वयक मोबाइल नंबर 9179276283 पर शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। (Barwani news)

    विकासखंड पाटी के लिए श्री नवलसिंह ब्राह्मणे उपयंत्री मोबाइल नंबर 9977188432 और श्री विजयसिंह पटेल समन्वयक मोबाइल नंबर 7869887292 नियुक्त किए गए हैं। राजपुर विकासखंड के लिए श्री लोकेश सोलंकी उपयंत्री मोबाइल नंबर 9893888796 तथा श्रीमती सरिता चौहान समन्वयक मोबाइल नंबर 9893502509 पर संपर्क किया जा सकता है।(Barwani news)

    इसी प्रकार विकासखंड ठीकरी में श्री महेश कनास उपयंत्री मोबाइल नंबर 9893716245 और श्रीमती तेजल यादव समन्वयक मोबाइल नंबर 9691775593 को जिम्मेदारी सौंपी गई है। सेंधवा उपखंड स्तर पर श्री कान्हा आस्के मोबाइल नंबर 9806463806 तथा सहायक यंत्री श्री देवेंद्र चौहान मोबाइल नंबर 9630781751 उपलब्ध रहेंगे।

    विकासखंड सेंधवा में श्रीमती रोशनी सेनानी उपयंत्री मोबाइल नंबर 7748844074 तथा श्री भेरूसिंह उपयंत्री मोबाइल नंबर 7024525931 नियुक्त किए गए हैं। वहीं निवाली विकासखंड के लिए श्रीमती रोशनी सेनानी मोबाइल नंबर 7748844074 और कु. दीक्षा गुप्ता समन्वयक मोबाइल नंबर 9009777730 पर संपर्क किया जा सकता है। (Barwani news) पानसेमल विकासखंड में श्री संदीप मंगरोलिया उपयंत्री मोबाइल नंबर 9589022402 तथा श्रीमती क्रांति देशले समन्वयक मोबाइल नंबर 9685352827 जिम्मेदारी संभालेंगी।

    विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि ग्राम पंचायतों में पेयजल से संबंधित किसी भी समस्या की स्थिति में संबंधित अधिकारियों से संपर्क कर शिकायत दर्ज कराएं ताकि समस्या का त्वरित निराकरण किया जा सके।(Barwani news) 

  • गर्मी से पहले एक्शन में कलेक्टर नीतू माथुर, पेयजल व्यवस्था और जल योजनाओं की की बड़ी समीक्षा

    Alirajpur news| अलीराजपुर जिले में आगामी ग्रीष्मकाल को देखते हुए पेयजल व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के उद्देश्य से कलेक्टर श्रीमती नीतू माथुर ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में जिले में पेयजल की उपलब्धता, नलजल योजना, जल जीवन मिशन तथा जल संरचनाओं के निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।

    बैठक में जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती संघमित्रा गौतम, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन यंत्री एस आर मेडा, मध्य प्रदेश जल निगम के महाप्रबंधक कुलदीप सिंह तथा नगर पालिका और नगर परिषदों के मुख्य नगर पालिका अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। समीक्षा के दौरान कलेक्टर नीतू माथुर ने मध्य प्रदेश जल निगम द्वारा संचालित परियोजनाओं की प्रगति की जानकारी ली। (Alirajpur news)

    जल निगम के अधिकारियों ने बताया कि जिले के कुल 539 ग्रामों की 7 लाख 74 हजार से अधिक आबादी को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के लिए आलीराजपुर ग्रामीण समूह जल योजना का क्रियान्वयन किया जा रहा है। कलेक्टर ने निर्माणाधीन वाटर ट्रीटमेंट प्लांट और इंटैक वेल के कार्यों की प्रगति संतोषजनक नहीं पाए जाने पर नाराजगी व्यक्त की और संबंधित एजेंसियों को निर्धारित समय सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों में तेजी लाई जाए और एजेंसियों से सख्ती के साथ कार्य कराया जाए।

    बैठक में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा जिले में संचालित पेयजल व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की गई। विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जिले में कुल 16 हजार 842 हैंडपंप स्थापित किए गए हैं जिनमें से 16 हजार 583 हैंडपंप वर्तमान में चालू हैं और ग्रामीणों को पेयजल उपलब्ध करा रहे हैं।

    जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिले में 158 नलजल योजनाओं में से 120 योजनाएं पूर्ण हो चुकी हैं जबकि 38 योजनाएं प्रगति पर हैं। (Alirajpur news) प्रगतिरत योजनाओं में अधिकांश कार्य 85 से 99 प्रतिशत तक पूर्ण हो चुका है। इसके साथ ही 104 योजनाएं ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित की जा चुकी हैं। जिले के 1 लाख 38 हजार 101 परिवारों में से अब तक 58 हजार 373 परिवारों को नल कनेक्शन प्रदान किए जा चुके हैं।

    कलेक्टर ने शहरी क्षेत्रों में भी पेयजल व्यवस्था की समीक्षा करते हुए सभी नगर पालिका और नगर परिषदों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रीष्मकाल में शहरों में पेयजल की आपूर्ति नियमित रूप से बनी रहे और किसी भी प्रकार की जल समस्या उत्पन्न न होने दी जाए। (Alirajpur news)

    उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पेयजल से संबंधित शिकायतों का तुरंत समाधान किया जाए। साथ ही जनपद पंचायत स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित कर प्रतिदिन मॉनिटरिंग करने के भी निर्देश दिए। कलेक्र ने कहा कि यदि किसी क्षेत्र में हैंडपंप खराब हो जाए तो उसे तत्काल ठीक कराया जाए और पेयजल के वैकल्पिक स्रोत भी उपलब्ध रखे जाएं ताकि किसी भी क्षेत्र में जल संकट की स्थिति उत्पन्न न हो। (Alirajpur news)

  • पश्चिम एशिया संघर्ष के बीच मध्यप्रदेश सरकार अलर्ट, भोपाल और दिल्ली में 24 घंटे कंट्रोल रूम स्थापित

    Barwani News: पश्चिम एशिया क्षेत्र में चल रहे संघर्ष को देखते हुए मध्यप्रदेश शासन ने राज्य के नागरिकों की सहायता के लिए विशेष कदम उठाए हैं। प्रदेश सरकार द्वारा भोपाल स्थित वल्लभ भवन और नई दिल्ली स्थित मध्यप्रदेश भवन में 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं।

    मध्यप्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की सचिव कृष्णावेणी देशावतु ने जानकारी दी कि यदि पश्चिम एशिया क्षेत्र में मध्यप्रदेश के किसी नागरिक को आपात स्थिति या दुर्घटना जैसी समस्या का सामना करना पड़ता है तो वे इन हेल्पलाइन नंबरों पर तुरंत संपर्क कर सकते हैं। संबंधित मामलों में भारत सरकार और अन्य एजेंसियों से समन्वय कर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

    कंट्रोल रूम के हेल्पलाइन नंबर

    भोपाल के वल्लभ भवन में स्थापित कंट्रोल रूम के नंबर
    0755-2708055
    0755-2708059
    मोबाइल 7648862100

    मोबाइल नंबर पर व्हाट्सएप भी किया जा सकता है और sderf.vbsr@gmail.com पर ईमेल के माध्यम से संपर्क किया जा सकता है।

    इसी तरह नई दिल्ली स्थित मध्यप्रदेश भवन में बनाए गए कंट्रोल रूम के नंबर
    011-26772005
    मोबाइल 9818963273

    इस मोबाइल नंबर पर व्हाट्सएप किया जा सकता है या mphelpdeskgulf@gmail.com पर ईमेल भेजा जा सकता है।

    प्रदेश सरकार ने अपील की है कि पश्चिम एशिया क्षेत्र में रहने वाले मध्यप्रदेश के नागरिक किसी भी आपात स्थिति में इन हेल्पलाइन नंबरों का उपयोग कर सहायता प्राप्त कर सकते हैं।

  • मध्यप्रदेश में मार्च की शुरुआत से ही गर्मी के तेवर तेज, 25 से ज्यादा जिलों में 33°C पार

    Madhya Pradesh weather news:मध्यप्रदेश में इस बार मार्च की शुरुआत के साथ ही गर्मी ने तेज तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। आमतौर पर होली के समय प्रदेश में हल्की ठंडक या सुहावना मौसम देखने को मिलता है लेकिन इस बार तेज धूप और लगातार बढ़ते तापमान ने लोगों को पहले से ही सतर्क कर दिया है। सुबह और रात में भी हल्की गर्माहट महसूस होने लगी है और कई शहरों में लोगों ने रात के समय पंखे चलाना शुरू कर दिया है।

    25 से ज्यादा जिलों में 33 डिग्री से ऊपर पहुंचा तापमान

    मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के 25 से अधिक जिलों में अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। दोपहर के समय धूप काफी तेज हो रही है और खुले में निकलना लोगों के लिए मुश्किल बनता जा रहा है। भोपाल इंदौर ग्वालियर और उज्जैन संभाग में भी गर्मी को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। फिलहाल प्रदेश में कहीं भी बारिश या बादल छाने की संभावना नहीं है जिससे आने वाले दिनों में गर्मी और बढ़ सकती है।

    मालवा निमाड़ में सबसे ज्यादा असर

    प्रदेश के मालवा और निमाड़ अंचल में गर्मी का असर सबसे ज्यादा दिखाई दे रहा है। खरगोन और खंडवा जिलों में तापमान 35 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है। रतलाम में भी पारा करीब 35 डिग्री तक दर्ज किया गया है। नर्मदापुरम में तापमान 35.4 डिग्री और एक दिन पहले 35.9 डिग्री तक रिकॉर्ड किया गया जो इस सीजन के अब तक के सबसे ज्यादा तापमानों में शामिल है। (Madhya Pradesh weather news)

    बड़े शहरों में भी बढ़ रही गर्मी

    राजधानी भोपाल सहित इंदौर ग्वालियर और जबलपुर में भी तापमान लगातार ऊपर जा रहा है। सागर सतना छतरपुर टीकमगढ़ नरसिंहपुर गुना शाजापुर उज्जैन उमरिया सीधी रायसेन और छिंदवाड़ा जैसे जिलों में भी अधिकतम तापमान 33 डिग्री से अधिक दर्ज किया गया है। दिन में तेज धूप के कारण सड़कों पर आवाजाही कम हो रही है और शाम के समय भी सामान्य से अधिक गर्मी बनी हुई है।

    होली पर तेज धूप के आसार

    मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार होली के दिन प्रदेशभर में तेज धूप रहने की संभावना है। फिलहाल बारिश या बादलों के कोई संकेत नहीं हैं। ऐसे में रंगों के त्योहार के दौरान लोगों को धूप से बचाव करने और पर्याप्त पानी पीने की सलाह दी जा रही है।

    मार्च में ही 40 डिग्री तक पहुंच सकता है तापमान

    मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि इस बार मार्च महीने में ही भीषण गर्मी देखने को मिल सकती है। तापमान में रोजाना 2 से 4 डिग्री तक बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। यदि यही स्थिति बनी रही तो प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है। होली के बाद गर्मी और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं जिससे आने वाले हफ्तों में लू जैसी स्थिति भी बन सकती है।